November 26, 2022

अवधभूमि

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गरीब महिलाओं को कर्ज के जाल में फंसा रहे हैं प्रतापगढ़ के डीसी एनआरएलएम

प्रतापगढ़। जनपद में अपने बेहतर भविष्य और उत्थान की आशा में राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन से जुड़ी हजारों महिलाओं की उम्मीदें धराशाई हो गई है। उपायुक्त स्वतः रोजगार एवं डीसी एनआरएलएम नागेंद्र नारायण मिश्रा की साजिश का शिकार होकर हजारों महिलाएं कर्ज के जाल में फंस गई है।

मिली जानकारी के मुताबिक जनपद के कई ब्लाकों में महिलाओं को बाल पोषाहार उद्योग से जुड़ने के लिए सीआईएफ निधि से दक्षिण भारत की एक कंपनी पायलट स्मिथ के खाते में 1 0 करोड़ रुपए से ज्यादा ट्रांसफर किए गए। जनपद के 7 ब्लाकों में बाल पोषाहार बनाने वाली टी एच आर प्लांट लगाए गए लेकिन आज तक यह प्लांट चालू ही नहीं हो पाए। इस संबंध में उपायुक्त एनआरएलएम ने बताया कि टी एच आर प्लांट की खरीद से उनका कोई लेना देना नहीं है या सारा फैसला प्रदेश मुख्यालय स्तर पर लिया गया। जब उनसे पूछा गया कि केंद्र और राज्य सरकार का स्पष्ट दिशा निर्देश है कि कोई भी खरीद जेम पोर्टल या टेंडर के माध्यम से होगी तो टी एच आर प्लांट खरीद में नियमों का उल्लंघन क्यों किया गया। इस पर वह कोई जवाब नहीं दे पाए सिर्फ इतना बोले कि सारा फैसला प्रबंध निदेशक भानु चंद्र गोस्वामी के स्तर से ही लिया गया है।

प्रत्येक विकासखंड के 300 महिला स्वयं सहायता समूह के खाते से 30 हजार रुपया प्रति समूह वसूल किए गए

सूत्रों का कहना है कि डी सी एन आर एल एम ने समूह पर दबाव बनाकर कंपनी के खाते में ₹30000 प्रति समूह से दिलवाए इस तरह प्रत्येक ब्लॉक में सौ से 150 महिला स्वयं सहायता समूह की लगभग 5000 महिलाओं को सीआईएफ के तहत मेला पैसा लूट लिया गया। इस तरह 8 ब्लाकों में लगभग 7 करोड रुपए कंपनी के खाते में जबरन ट्रांसफर करवाए गए। टीएचआर प्लांट लगाए गए लेकिन वह कभी चालू नहीं हो सके। जानकारी के मुताबिक 8 महीने से उक्त टीएचआर प्लांट बंद है। और महिलाएं अपने आप को ठगा हुआ महसूस कर रही हैं।

कंपनी से मिला डीसी को मोटा कमीशन

चर्चा तो यहां तक है कि जब कई जनपदों में बाल पोषाहार बनाने वाला प्लांट उसकी गुणवत्ता की वजह से नहीं लगाए गए ऐसे में कमीशन लेकर स्थानीय डी सी एन आर एल एम ने लगभग 2700 सहायता समूह कि 30000 से ज्यादा महिलाओं के उत्थान के लिए सीआईएफ के तहत मिली धनराशि बंदरबांट करने की नियत से दक्षिण भारत की कंपनी को नियम विरुद्ध धनराशि स्थानांतरित करवा दी बदले में अच्छा खासा कमीशन वसूल किया।

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