
लखनऊ।
भारतीय जनता पार्टी की सरकार पर तीखा हमला बोलते हुए वरिष्ठ कांग्रेस नेता एवं प्रवक्ता अंशू अवस्थी ने कहा कि उत्तर प्रदेश में भाजपा शासन के दौरान ब्राह्मण समाज को केवल वोट बैंक समझा गया, जबकि सत्ता और प्रशासन पर एक ही जाति का बोलबाला कायम है।
अंशू अवस्थी ने कहा कि
“वोट तो सभी जातियों ने दिया, लेकिन ब्राह्मण समाज ने भाजपा को झोली भरकर समर्थन दिया। इसके बावजूद आज सबसे ज़्यादा उपेक्षा और उत्पीड़न यदि किसी समाज का हुआ है तो वह ब्राह्मण समाज है। ऐसी दुर्दशा ब्राह्मणों की पहले कभी नहीं हुई।”
उन्होंने याद दिलाया कि उत्तर प्रदेश के राजनीतिक इतिहास में ब्राह्मण समाज ने 6 मुख्यमंत्री दिए हैं और कांग्रेस पार्टी ने हमेशा सभी जाति-वर्गों को सम्मान और प्रतिनिधित्व दिया है।
“कांग्रेस ने कभी किसी एक जाति की सत्ता नहीं चलाई, लेकिन भाजपा सरकार में पूरा तंत्र एक वर्ग के इर्द-गिर्द सिमट गया है।”
अवस्थी ने सवाल उठाया कि
“जब भाजपा में खुद विधायकों को अपनी बात खुलकर रखने की आज़ादी नहीं है, तो आम ब्राह्मण समाज की सुनवाई कैसे होगी?”
उन्होंने कानपुर की प्रमिला दीक्षित प्रकरण का ज़िक्र करते हुए कहा कि
“भाजपा सरकार में एक ब्राह्मण परिवार को जला दिया गया, घर गिरा दिया गया। प्रदेश में तमाम ब्राह्मणों की हत्याएं हुईं, लेकिन सरकार ने संवेदनशीलता नहीं दिखाई। यह केवल कानून-व्यवस्था की विफलता नहीं, बल्कि एक समाज विशेष के प्रति दुर्भावनापूर्ण रवैया है।”
अंशू अवस्थी ने चेतावनी देते हुए कहा कि
“ब्राह्मण समाज सब कुछ देख रहा है और सब कुछ याद रखे हुए है। वर्ष 2027 में भाजपा से पूरा हिसाब-किताब किया जाएगा। भाजपा ब्राह्मणों के श्राप से बच नहीं पाएगी।”
उन्होंने कहा कि आने वाले समय में ब्राह्मण समाज अपने स्वाभिमान, सम्मान और अधिकार के लिए एकजुट होकर सही राजनीतिक विकल्प चुनेगा और भाजपा की कथनी-करनी का जवाब लोकतांत्रिक तरीके से देगा।




More Stories
जौनपुर आबकारी विभाग में कथित रिश्वतखोरी का मामला: कोर्ट के आदेश पर निरीक्षक और सिपाही के खिलाफ FIR, अब तत्कालीन डिप्टी एक्साइज कमिश्नर की भूमिका पर भी उठे सवाल
शराब माफिया घोषित हुआ हिस्ट्रीशीटर मनोज जायसवाल, चार सहयोगी भी रडार पर:
अवध भूमि न्यूज़ को दबाव में लेने की कोशिश? फर्जी प्रकरण में फंसाने की कथित साजिश पर उठे सवाल: