
लखनऊ। नियमों के विपरीत इंस्पेक्टर को विभागीय पदोन्नति देकर सहायक आबकारी आयुक्त बनाए जाने के मामले में प्रमुख सचिव ने कड़ी कार्रवाई करते हुए आरोपी अशोक कुमार को जहां रिवर्ट कर फिर इंस्पेक्टर बना दिया गया वहीं इस मामले में ग्रेडेशन लिस्ट को दबाने के आरोप में प्रसेन राय की सेवा समाप्त करने की तैयारी है। फिलहाल जॉइंट सेक्रेटरी उमेश तिवारी प्रभारी डिप्टी कार्मिक राजेंद्र कुमार और आरोपी प्रसेन राय से स्पष्टीकरण तलब कर लिया गया है। माना जा रहा है कि सभी के खिलाफ जल्द ही विभागीय कार्रवाई शुरू हो जाएगी।
विशेष सचिव दिव्य प्रकाश गिरी की भूमिका भी संदिग्ध मानी जा रही है। उन्हें भी रडार पर रखा जा रहा है।




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