
लखनऊ। आबकारी विभाग में भ्रष्टाचार बेकाबू हो गया है। लखनऊ के सेक्टर 11 में तैनात सुनीता ओझा और आशुतोष उपाध्याय पर एक पशु आहार फैक्ट्री से ₹500000 की वसूली का आरोप लगा है।
मजे की बात यह है कि आरोपी इंस्पेक्टर आशुतोष उपाध्याय प्रयागराज में तैनात हैं। दावा किया गया है कि दोनों निरीक्षकों की कॉल डिटेल और लोकेशन निकलने पर आरोप की पुष्टि हो जाएगी।
कहां जा रहा है कि लखनऊ के कनक पशु आहार फैक्ट्री में या दोनों निरीक्षक वसूली के लिए पहुंचे यहां पहुंचकर पहले सीसीटीवी का प्रसारण बंद करवा दिया और ₹500000 की मांग की। फैक्ट्री के कुछ अधिकारियों के साथ गाली-गलौज भी हुई है।
सच्चाई क्या है यह जांच के बाद ही पता चलेगा लेकिन आरोपी इंस्पेक्टर्स के कारनामों की खूब चर्चा है।
प्रयागराज के जिला आबकारी अधिकारी सुशील मिश्रा से जुड़े रहे तार
आरोपों में यदि जरा भी सच्चाई है तो जिला आबकारी अधिकारी प्रयागराज सुशील मिश्रा गंभीर सवालों के घेरे में होंगे। सबसे बड़ा सवाल यह है कि उनके इंस्पेक्टर लखनऊ तक जाकर वसूली कर रहे हैं और उन्हें भनकतक नहीं है ऐसा हो ही नहीं सकता। बता दें कि सुशील मिश्रा इसके पहले लखनऊ के जिला आबकारी अधिकारी रह चुके हैं। क्या आरोपी इंस्पेक्टर अपने जिला आबकारी अधिकारी के लिए वसूली करने गए थे ऐसा इसलिए चर्चा है क्योंकि दोनों ही इंस्पेक्टर जिला आबकारी अधिकारी के बेहद करीबी हैं।




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