गबन के आरोपी सचिव से विभाग और डीपीआरओ ने की वसूली;

प्रतापगढ़। स्वच्छ भारत मिशन के फंड में गबन और घोटाले के लिए चर्चित जिला पंचायत राज अधिकारी श्रीकांत दर्वे एक बार फिर चर्चा में है। जिलाधिकारी के आदेश पर शौचालय निर्माण में गबन करने वाले सचिव राज नारायण सिंह ने 26 लख रुपए निकाल लिया और लगभग 20 लाख करोड रुपए डकार गए वहीं इसी ग्राम पंचायत में सचिव रितेश यादव ने भी 8 लख रुपए की हेरा फेरी की। गांव के कृष्ण यादव की शिकायत पर डीएम ने जिला पंचायत राज अधिकारी श्रीकांत धारवे को जांच कर वसूली करने का आदेश दिया। डीपीआरओ ने जांच में बड़ा खेल किया। जांच में आरोपी प्रधान और सचिव डीपीआरओ से संपर्क किया लेनदेन किया और तुरंत राहत मिल गई। ग्राम प्रधान ने 26 लख रुपए ना जमा करके मात्र 3 लाख जमा करके राहत प्राप्त की जबकि सचिन रितेश यादव जी पर ₹800000 के गबन का मामला था उसने डीपीआरओ की कृपा से केवल ₹50000 में ही राहत प्राप्त कर ली। डीपीआरओ पर जांच में खेल करने का आरोप इसलिए लग रहा है क्योंकि इस वित्तीय गबन के मामले में प्रधान और सचिन के खिलाफ प्राथमिक नहीं दर्ज करने के बदले में प्रधान और सचिव से डीपीआरओ ने लाखों रुपए की वसूली की। कहां जा रहा है कि इस मामले की मध्यस्थता वरिष्ठ सहायक जो कि यहां क्लस्टर बेचने के लिए बदनाम है उसकी अहम भूमिका रही है।




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